- कारगिल विजय दिवस पर टीम हेल्थकेयर सोल्जर्स का विशेष कार्यक्रम
- Shimmer Gowns to Lavender Ethnics: Triptii Dimri Serves a Blend of Traditional and Modern Fashion
- Pooja Hegde Shares Wholesome BTS Clicks with Thalapathy Vijay as Jana Nayagan Releases, Pens ‘One Last Time’
- Bhumi Satish Pednekkar Requests Sonam Wangchuk to End his Indefinite Fast, Says "Your concerns have resonated with people across the country, and we are beginning to see progress"
- प्रोफेशनल हेयर स्टाइलिस्ट बनने का सपना होगा पूरा
बिजली कटौती का विरोध में भाजयुमो का प्रदर्शन
विद्युत मंडल कार्यालय पर अधिकारियों को हाथ पंखा और मोमबत्ती भेंट की
इंदौर. आज भाजयुमो के कार्यकर्ताओं ने लगातार हो रही अघोषित बिजली कटौती का कड़ा विरोध करते हुए पोलोग्राउण्ड स्थित विद्युत मुख्य कार्यालय व अधिकारियों का घेराव करते हुए नारेबाजी कर जंगी प्रदर्शन किया. इस प्रदर्शन के दौरान मप्र के मुख्यमंत्री और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई.
भाजयुमो का विरोध प्रदर्शन को देखते हुए मौके पर पुलिस बल भी तैनात कर दिया गया था. भाजयुमो के कार्यकर्ताओं को बेरिकेटिंग कर मुख्यालय के बाहर ही रोक लिया गया. प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने बेरिकेट्स को धक्का देकर बिजली कंपनी के कार्यालय में प्रवेश करने का प्रयास किया जिसे पुलिस बल ने विफल कर दिया.
भारतीय जनता युवा मोर्चा के नगर अध्यक्ष मनस्वी पाटीदार, महामंत्री रोहित चौधरी, मयुरेश पिंगले ने बताया कि भाजयुमो ने इस अघोषित विद्युत कटौती का विरोध करते हुए विभागीय अधिकारियों को हाथ पंखा और मोमबत्ती भेंट करते हुए चेताया कि यदि यह कटौती तत्काल प्रभाव से बंद नहीं की गई तो जनता के हित में युवा मोर्चा के कार्यकर्ता सड़कों पर उतरकर जंगी प्रदर्शन व विरोध करेंगे.
आज के प्रदर्शन मेंं प्रमुख रूप से धीरज ठाकुर, विनोद खण्डेलवाल, विवेक शर्मा, राहुल राणे, दीपेश पचौरी, ऋषिसिंह खनूजा, राहुल वाधवानी, विजय मूलचंदानी, सहित बड़ी संख्या में भाजयुमो के कार्यकर्ता उपस्थित थे.
जनता की परेशानी से कोई फर्क नहीं
नेताओं ने कहा कि जिस तरह शहर की जनता विद्युत कटौती से परेशान है और 15 वर्ष पूर्व के कांग्रेस शासन को याद करते हुए कांग्रेस सरकार का कोस रही है. पूरे प्रदेश की जनता के साथ नगर की जनता भी इस भीषण गर्मी में अघोषित बिजली कटौती से परेशान हो रही है. प्रदेश के मुखिया और विद्युत विभाग के अधिकारियों पर जनता की इस परेशानी से कोई फर्क नहीं पड़ रहा है. सरकार सिर्फ तबादला उद्योग चला रही है। वैसे भी अब प्रदेश की जनता ने वास्तव में मान लिया है कि प्रदेश में सरप्लस बिजली उत्पादन होने के बाद भी जानबूझकर कांग्रेस के शासन में बिजली कटौती करते हुए जनता को बेवजह परेशान किया जा रहा है.
चित्र- बीजेवायएम.


